December 2020

 
नई दिल्ली

केंद्र सरकार ने चैम्पियन पहलवान विनेश फोगाट को उनके निजी कोच वोलेर एकोस, अभ्यास की जोड़ीदार प्रियंका फोगाट, फिजियो रमन एन के साथ हंगरी में 40 दिन के अभ्यास शिविर में भाग लेने की अनुमति दे दी जिसकी कुल लागत 15 लाख 51 हजार रूपये आयेगी । शिविर को टारगेट ओलंपिक पोडियम योजना (टॉप्स) के तहत मंजूरी मिली है। शिविर 28 दिसंबर से 24 जनवरी तक बुडापेस्ट के वासास स्पोटर्स क्लब पर लगेगा। इसके बाद 24 जनवरी से पांच फरवरी तक पोलैंड में होगा। कुल लागत में हवाई किराया, स्थानीय आवागमन, रहने और खाने के खर्च शामिल हैंa

 
नई दिल्ली

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच बॉक्सिंग डे टेस्ट मैच मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड पर खेला जाना है। यह मैच बॉर्डर-गावस्कर सीरीज का दूसरा टेस्ट मैच होगा। इस मैच के लिए टीम इंडिया ने एक दिन पहले ही प्लेइंग इलेवन की घोषणा कर दी है। 26 दिसंबर से खेले जाने वाले इस टेस्ट मैच के लिए टीम इंडिया के प्लेइंग इलेवन में चार बदलाव देखने को मिले हैं। कप्तान विराट कोहली पैटरनिटी लीव पर स्वदेश लौट गए हैं, जबकि मोहम्मद शमी चोटिल होकर इस सीरीज से बाहर हो चुके हैं। इन दोनों की जगह क्रम से रविंद्र जडेजा और मोहम्मद सिराज की टीम में वापसी हुई है। शुभमन गिल को पृथ्वी शॉ की जगह और ऋषभ पंत को ऋद्धिमान साहा की जगह प्लेइंग इलेवन में जगह मिली है। शुभमन गिल और मोहम्मद सिराज इस मैच के साथ ही टेस्ट क्रिकेट में वापसी करने के लिए तैयार हैं। पूर्व क्रिकेटर और मौजूदा कमेंटेटर संजय मांजरेकर का मानना है कि टीम इंडिया ने दूसरे टेस्ट के लिए जो प्लेइंग इलेवन चुना है, वह दबाव में चुना गया है। मांजरेकर ने ट्विटर पर लिखा, 'दूसरे मैच के लिए टीम इंडिया का चयन साफ तौर पर दबाव में किया गया है। इंग्लैंड की तरह, जहां सबकुछ कवर करने की कोशिश की गई है। सिलेक्शन हो गया है अब मैदान पर प्रदर्शन दिखाने की बारी है। टीम इंडिया को शुभकामनाएं।' 


आकाश चोपड़ा ने भी टीम इंडिया के प्लेइंग इलेवन को लेकर अपनी राय रखी है। वहीं वसीम जाफर ने एक बार फिर एक ऐसा ट्वीट किया है, जिसे डिकोड करने का जिम्मा उन्होंने फैन्स पर ही छोड़ दिया है। जाफर के ट्वीट का मतलब है कि टीम में केएल राहुल की वापसी नहीं हुई है

 
मेलबर्न

भारत और ऑस्ट्रेलिया के बीच चार मैचों की सीरीज का दूसरा टेस्ट मैच 26 दिसंबर से मेलबर्न क्रिकेट ग्राउंड में खेला जाएगा। बॉक्सिंग-डे टेस्ट मैच के लिए भारत की टीम ने अपने प्लेइंग इलेवन का ऐलान कर दिया है। टीम इंडिया ने शुभमन गिल, जडेजा, ऋषभ पंत और मोहम्मद सिराज को टीम में शामिल किया है। सिराज और शुभमन गिल टेस्ट क्रिकेट में एमसीजी के मैदान पर अपना डेब्यू मैच खेलने उतरेंगे। शुभमन गिल को बतौर सलामी बल्लेबाजी टीम में जगह दी गई है, उनको प्लेइंग इलेवन में शामिल किए जाने के बाद ट्विटर पर फैंस कई तरह के रिएक्शन दे रहे हैं।  31 जनवरी 2019 को इंटरनेशनल क्रिकेट में अपना पहला मैच खेलने वाले शुभमन गिल अब टेस्ट क्रिकेट में अपनी छाप छोड़ने को बेकरार हैं। पंजाब के इस खिलाड़ी ने अबतक भारत के लिए 3 वनडे मुकाबले खेले हैं, जिसमें उन्होंने 49 रन बनाए हैं। शुभमन गिल को भारतीय क्रिकेट का भविष्य बताया जा रहा है और फर्स्ट क्लास का उनका रिकॉर्ड इस बात को सही साबित भी करता है। दाएं हाथ के इस बल्लेबाज ने अबतक खेले 23 फर्स्ट क्लास मैचों की 38 पारियों में 68.78 के लाजवाब औसत से 2270 रन बनाए हैं, जिसमें सात शतक और 11 अर्धशतक भी शामिल है। बतौर सलामी बल्लेबाज उनका प्रदर्शन इस सीजन आईपीएल में भी शानदार रहा था। भारत के कई पूर्व दिग्गज खिलाड़ी भी शुभमन गिल की जमकर तारीफ कर चुके हैं। पूर्व मिडिल ऑर्डर बल्लेबाज युवराज सिंह शुभमन को भविष्य का स्टार खिलाड़ी बता चुके हैं। बॉक्सिंग डे टेस्ट मैच के लिए सलामी बल्लेबाज के तौर पर शुभमन गिल को मौका मिलने के बाद ट्विटर पर तमाम क्रिकेट फैंस काफी खुश दिखाई दे रहे हैं। पहले टेस्ट में शुभमन गिल की जगह पृथ्वी शॉ को मौका दिए जाने के बाद फैंस ने ट्विटर पर कोहली और टीम मैनेजमेंट को जमकर ट्रोल किया था। 


 मेलबर्न

ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ चार मैचों की टेस्ट सीरीज से मोहम्मद शमी के बाहर होने के बाद टीम इंडिया को बड़ा झटका लगा है। मेलबर्न में कल होने वाले दूसरे टेस्ट मैच के लिए तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज को टेस्ट डेब्यू का मौका मिला है। मोहम्मद सिराज इससे पहले टीम इंडिया के लिए सिर्फ वनडे और टी-20 फॉर्मेट में ही खेलते थे। ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ टेस्ट मैचों में सिराज के होने से टीम इंडिया की गेंदबाजी को धार मिलेगी। 


कलाई में चोट के कारण छह हफ्ते के लिए टीम इंडिया से बाहर हुए मोहम्मद शमी की जगह तेज गेंदबाज मोहम्मद सिराज को डेब्यू का मौका मिला है। मेलबर्न में डेब्यू करने जा रहे मोहम्मद सिराज ने टेस्ट सीरीज से पहले खेले गए प्रैक्टिस मैचों में कुल पांच विकेट चटकाए, जिसमें पहले प्रैक्टिस मैच में उनके पारी में तीन विकेट शामिल थे


मेलबर्न

एडिलेड में 36 रन पर सिमटने की शर्मिंदगी झेलने वाली भारतीय टीम शनिवार से यहां शुरू हो रहे दूसरे टेस्ट में बराबरी के इरादे से उतरेगी, लेकिन कप्तान विराट कोहली की गैर मौजूदगी में उसके लिये यह चुनौती काफी कठिन रहेगी। पिछले कुछ वर्ष में भारतीय टीम को एडिलेड जैसे हालात का सामना नहीं करना पड़ा है। पहले मैच की शर्मनाक हार और अपने सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ी कोहली का बाकी मैचों में टीम में नहीं होना। कार्यवाहक कप्तान अजिंक्य रहाणे पर ऐसे में दोहरी जिम्मेदारी आन पड़ी है। अच्छी बात हालांकि यह है कि भविष्य के स्टार शुभमन गिल टेस्ट क्रिकेट में पदार्पण के लिये तैयार हैं। इसी तरह चोटिल मोहम्मद शमी की कमी पूरी करने के लिये मोहम्मद सिराज जैसा युवा गेंदबाज है। 


पहले मैच में ही जिस तरीके से हार मिली वह भारतीय टीम को बरसों तक वह कचोटती रहेगी। अगले कुछ दिन भारतीय खिलाड़ियों की असल परीक्षा होगी, जिनका सामना आत्मविश्वास से ओतप्रोत टिम पेन की टीम से है जो अपने परिवार के बिना क्रिसमस मना रहे हैं। खराब फॉर्म से जूझ रहे पृथ्वी शॉ की जगह मयंक अग्रवाल के साथ गिल पारी की शुरूआत करेंगे। पहले टेस्ट में सस्ते में आउट हुए मयंक भी उस मैदान पर अच्छी पारी खेलना चाहेंगे, जहां उन्होंने पहला टेस्ट खेला था।


अभ्यास मैच में 73 गेंद में शतक जमाने वाले ऋषभ पंत आक्रामक अंदाज में खेलना जारी रखेंगे, जिसकी टीम को जरूरत भी है। वह 2018-19 के दौरे पर चमके थे, लेकिन पिछले साल फॉर्म और आत्मविश्वास दोनों खो दिये, जिससे सीमित ओवरों की टीम में जगह नहीं बना सके। रविंद्र जडेजा हैमस्ट्रिंग और सिर की चोट से उबर चुके हैं। वह अपने हरफनमौला खेल और अनुभव से काफी उपयोगी साबित होंगे। समझा जाता है कि हनुमा विहारी को बल्लेबाजी क्रम में ऊपर भेजा जायेगा और केएल राहुल को अभी इंतजार करना होगा। ऑस्ट्रेलियाई कप्तान टिम पेन ने कहा है कि उनकी टीम इस टेस्ट में कोई कोताही नहीं बरतेगी। हालांकि, अंतिम एकादश में कोई बदलाव नहीं किया जायेगा। पेन ने कहा, ‘हमें पता है कि भारत को अपने क्रिकेट पर गर्व है और वह काफी प्रतिभाशाली टीम है। वह एमसीजी पर जरूर वापसी करेगी।’ कोहली की कमी की भरपाई नहीं की जा सकती, लेकिन रहाणे को अतिरिक्त जिम्मेदारी लेनी होगी और वह बल्लेबाजी क्रम में ऊपर आ सकते हैं। 


चेतेश्वर पुजारा संयम के साथ खेल सकते हैं। लेकिन कोच रवि शास्त्री को उन्हें बताना होगा कि रनगति तेज रखना भी उतना ही जरूरी है ताकि बाकी बल्लेबाजों पर से दबाव कम हो। शमी की गैर मौजूदगी में जसप्रीत बुमराह और उमेश यादव पर जिम्मेदारी बढ़ जायेगी। वहीं, भारतीय बल्लेबाजों को पैट कमिंस और जोश हेजलवुड का सामना करते समय मानसिक रूप से भी मजबूत होना होगा।



 बॉलीवुड एक्ट्रेस वाणी कपूर अपनी अगली फिल्म ‘चंडीगढ़ करे आशिकी' की शूटिंग पूरी कर ली। अभिषेक कपूर (काई पो चे!, रॉक ऑन!!, केदारनाथ) द्वारा निर्देशित, इस प्रगतिशील प्रेम कहानी में वाणी, आयुष्मान खुराना के अपोजिट काम कर रही हैं। वाणी कपूर ने कहा, 'चंडीगढ़ करे आशिकी' मेरे लिए केवल एक शब्द यानि खुशी है। मैं अभिषेक कपूर को धन्यवाद देती हूं, कि उन्होंने मानवी के रूप में मुझमें भरोसा किया। एक कलाकार के रूप में हमने अनेक किरदार निभाएं, लेकिन यह मैंने पूरे दिल से किया और काफी कड़ी मेहनत की।' वाणी कपूर ने कहा कि इस फिल्म में मेरा पुराना अनुभव काम किया है। अभिषेक और आयुष्मान जैसे क्रिएटिव जीनियस के साथ काम करना सौभाग्य होता है। यह मूवी पूरी करने का अनुभव खट्टा-मीठा था। इसलिए इसने मुझे कई यादें व अनुभव दिए, जो मुझे हमेशा याद रहेंगे। 


 बॉलीवुड सिंगर कनिका कपूर कोरोना पॉजिटिव होने के बाद लगातार ट्रोलर्स के निशाने पर रहीं। उनके ऊपर जहां एक ओर लापरवाही बरतने का आरोप लगता रहा वहीं दूसरी ओर एयरपोर्ट से कोरोना की बिना जांच कराए भागने का आरोप भी लगा। िजस पर उन्होंने सफाई तो दी लेकिन सब बेकार साबित हुई। अब उस मुश्किल दौर के बारे में कनिका कपूर ने विस्तार से बताया है। स्पॉटबॉय को दिए इंटरव्यू में कनिका कपूर ने बताया है कि उस मुश्किल समय में उन्हें और उनके परिवार को जान से मारने की धमकी मिली थी।

 वे कहती हैं, 'मैं उस समय काफी परेशान थीं, हमे जान से मारने की धमकी मिल रही थी। मेरे बच्चों को कहा जा रहा था कि वे खुद को मार लें। अपना दर्द बयां करते हुए कनिका आगे कहती हैं, कई ऐसे मैसेज भेजे गए थे जिन्हें किसी भी लिहाज से सही नहीं कहा जा सकता। लोग कहने लगे कि मेरा कैरियर खत्म हो गया। किसी को ये अहसास नहीं हुआ कि मैं एक सिंगल मदर हूं, अपने बच्चों से दूर रहकर मैंने कैरियर बनाया है। आप कह रहे हैं कि मेरा कैरियर खत्म हो गया। कनिका ने उस विवाद के बारे में भी बताया जिसकी वजह से उन्हें इतना ट्रोल होना पड़ा।



लिजेल ने इंस्टाग्राम पर एक फोटो शेयर की है जिसमें वह पति रेमो डिसूजा को हग करती नजर आ रही हैं। उन्होंने कैप्शन में लिखा, 'मेरा अब तक का बेस्ट क्रिसमस गिफ्ट। मैं इस पल को हमेशा संजोकर रखूंगी। एक हफ्ते के सबसे खराब भावात्मक उतार-चढ़ाव के बाद मैं आपसे गले मिल रही हूं।' उन्होंने कहा,

'मैं केवल एक चीज जानती थी और मुझे उस पर वादे पूरा भरोसा था कि जिसमें आपने मुझसे एक फाइटर की तरह वापस लौटने के लिए कहा था।' इसके साथ ही लिजेल ने सलमान खान का शुक्रिया अदा किया है। उन्होंने लिखा कि मैं दिल से सलमान खान को शुक्रिया कहना चाहती हूं, जिन्होंने हमें इस मुश्किल घड़ी में सपोर्ट किया। आप एक फरिश्ता हैं। हमारा साथ देने के लिए आपका बहुत-बहुत धन्यवाद।' 


 प्रियंका चोपड़ा ब्रांड वैल्यू के मामले में अब कई बॉलीवुड सितारों से काफी आगे निकल चुकी हैं। उन्होंने अक्षय कुमार और सलमान खान जैसे सितारों को भी पीछे छोड़ दिया है। ऑनलाइन सेंटिमेंट एनालिसिस कंपनी चेकब्रांड ने प्रियंका के सबसे आगे निकलने का दावा किया है। कंपनी मूवी स्टार्स की ब्रांड वैल्यू तय करने के लिए जानी जाती है। कंपनी की ओर से तैयार की गई रिपोर्ट के मुताबिक, प्रियंका चोपड़ा की ब्रांड वैल्यू 2.65 अरब रुपये है, जबकि अक्षय कुमार की ब्रांड वैल्यू 2.60 अरब रुपये है। इसके अलावा सलमान खान की ब्रांड वैल्यू 2.52 अरब रुपये है। वहीं दीपिका पादुकोण की ब्रांड वैल्यू 2.11 अरब रुपये और किंग खान कहे जाने वाले शाहरुख की ब्रांड वैल्यू 2.09 अरब रुपये आंकी गई है। कंपनी ने यह ब्रांड वैल्यू एंगेजमेंट और फॉलोअर्स को ध्यान में रखते हुए तय किया है। रिपोर्ट के मुताबिक, बीती तिमाही में सबसे ज्यादा ट्रेंड में रहने वाली एक्ट्रेस कृति सैनन रही हैं। उनके बाद प्रियंका चोपड़ा दूसरे नंबर पर और आलिया भट्ट तीसरे नंबर पर रहीं। इसके बाद अक्षय कुमार, सलमान खान, आमिर खान और शाहरुख खान रहे। कंपनी ने ये डेटा ट्विटर, गूगल सर्च, विकी और यूट्यूब ट्रेंड के आधार पर तय किया है। अब अगर एंगेजमेंट के आधार पर बात की जाए तो पहले तीन नंबर मेल एक्टर ही रहे हैं। िजसमें सलमान खान पहले नंबर पर रहे हैं।


बॉलीवुड एक्टर जॉन अब्राहम शूटिंग के सिलसिले में वाराणसी में हैं। बताया जा रहा है कि शूटिंग के दौरान उन्हें चोट लग गई, जिसका इलाज कराने के लिए वो एक निजी अस्पताल पहुंचे थे। फिलहाल, अब वो पहले से बेहतर हैं। कुछ देर बाद ही डॉक्टर्स की टीम ने उन्हें वापस शूट पर जाने की इजाजत दे दी थी। दरअसल, इन दिनों वाराणसी में कई जगहों पर 'सत्यमेव जयते-2' की शूटिंग चल रही है। इस फिल्म के एक एक्शन सीन को शूट करते हुए जॉन चोटिल हो गए। उनके हाथ के पंजे में चोट आई थीं। इस वजह से वे तुरंत ही अस्पताल पहुंचे, वहां उनका एक्सरे और फर्स्ट एड किया गया, जिसके बाद वो वापस शूट पर लौट गए। जॉन इब्राहिम जब गुरुवार को अपनी जांच कराने पहुंचे तो उन्होंने मास्क लगाया था। वहां मौजूद लोगों को पहले यकीन ही नहीं हुआ कि जॉन वहां क्या कर रहे हैं, जैसे ही लोगों को पता चला कि वो जॉन ही हैं तो उनके साथ फोटो लेने के लिए भीड़ लग गई।


नई दिल्ली 

आरबीआई ने सुभद्रा लोकल एरिया बैंक का लाइसेंस रद्द कर दिया है। बैंक जिस तरीके से काम कर रहा था, उससे मौजूदा और भविष्य के जमाकर्ताओं के हितों को नुकसान पहुंच सकता था। आरबीआई ने इसी महीने महाराष्ट्र के संकटग्रस्त कराड बैंक  का भी लाइसेंस कैंसिल कर दिया था। ऐसे में आपको यह जानना जरूरी है कि कल आपके बैंक का लाइसेंस रद्द होता है तो आपकी जमा पूंजी का क्या होगा?


 बता दें आरबीआई ने एक बयान में कहा कि बैंक ने वित्त वर्ष 2019-20 की दो तिमाहियों में न्यूनतम नेटवर्थ की शर्त का उल्लंघन किया। बयान के अनुसार हालांकि सुभद्रा लोक एरिया बैंक के पास जमाकर्ताओं का पैसा लौटाने के लिये पर्याप्त नकदी है। अरबीआई ने कहा, ‘’जिस तरीके से बैंक काम कर रहा था, अगर उसे उसी तरीके से परिचालन की अनुमति दी जाती तो जन हित पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ता। प्रबंधन की काम करने की प्रकृति वर्तमान और भविष्य के जमाकर्ताओं के हितों को नुकसकान पहुंचाने वाली थी। बयान में कहा गया है कि सुभद्रा लोकल एरिया बेंक को दिया गया लाइसेंस 24 दिसंबर को बैंक कारोबार बंद होने के बाद से रद्द किया जा रहा है। इससे वह कोई भी बैंकिंग गतिविधियां नहीं कर पाएगा। आरबीआई बैंक के परिसमापन के लिए उच्च न्यायालय के समक्ष आवेदन देगा।


 किसी भी बैंक के बंद होने पर उस दौरान बैंक के सभी खाताधारकों को उनकी पूंजी वापस देने का प्रावधान है। डिपॉजिट इंश्योरेंस एंड क्रेडिट गारंटी कॉरपोरेशन के नियमों के अनुसार यह लिमिट 5 लाख रुपये तक की ही है। इसका मतलब है कि बैंक बंद होने के बाद खाताधारक को अधिकतम 5 लाख रुपये तक वापस मिल सकते हैं। वहीं आरबीआई का कहना है कि कराड बैंक के 99 फीसद डिपॉजिटर्स को उनक पूरा पैसा वापस मिल जाएगा


 नई दिल्ली

 देश के प्रमुख सार्वजनिक क्षेत्र के बैंक, पंजाब नैशनल बैंक (पीएनबी) ने आज पीएनबी ई-क्रेडिट कार्ड, भौतिक क्रेडिट कार्ड की डिजिटल प्रतिकृति पेश किया है। कार्ड को भौतिक रूप से साथ रखें बिना, यह पीएनबी ग्राहकों को किसी भी ई-कॉमर्स प्लेटफॉर्म या मर्चेंट वेबसाइट पर पीएनबी ई-क्रेडिट कार्ड का उपयोग करने की सुविधा प्रदान करेगा|


 ग्राहक पीएनबी जिनी मोबाइल ऐप में ई-क्रेडिट कार्ड सुविधा पर क्लिक करके पीएनबी ई-क्रेडिट कार्ड का विवरण देख सकते हैं। मौजूदा पीएनबी ग्राहकों को नई सुविधा का उपयोग करने के लिए गूगल प्ले स्टोर एवं और एप्पल ऐप स्टोर पर उपलब्ध नवीनतम ऐप से अपने पीएनबी जिनी ऐप को अपडेट करना होगा। पीएनबी जिनी ऐप ग्राहकों को अंतर्राष्ट्रीय / घरेलू उपयोग के लिए कार्ड सक्रिय करने और एटीएम, ईकॉमर्स, पीओएस और संपर्क रहित भुगतान के लिए लेनदेन सीमा निर्धारित करने में भी मदद करता है।

 
मुंबई

रिलायंस जियो 4G फीचर वाला जियो फोन दोबारा लांच करने वाली है। ज्यादा संभावना है कि यह 2021 की पहली तिमाही में लांच हो सकती है। कोरोना महामारी के बीच वर्क और स्टडी फ्रॉम होम जैसी स्थिति को देखते हुए कंपनी ने यह फैसला लिया है। क्योंकि इससे काम, स्टडी और मनोरंजन के मार्केट में लगातार ग्रोथ देखने को मिल रही है।  मीडिया रिपोर्ट के मुताबिक नए रिलायंस जियो फोन को कॉन्ट्रैक्ट पर विनिर्माण करने वाली कंपनी फ्लेक्स द्वारा बनाएगी। एजेंसी के मुताबिक रिलायंस जियो का टार्गेट लगभग 20-30 करोड़ मोबाइल फोन ग्राहकों का है, जो वर्तमान में 2G यूजर हैं।


गूगल-जियो मिलकर बना रहे हैं स्मार्टफोन


 जियो के नए 4G फोन की दोबारा लॉन्चिंग तब हो रही है, जब जियो और गूगल एंड्रॉयड स्मार्टफोन का भारत में ट्रायल जारी है। बता दें कि इसी साल के शुरुआत में गूगल ने जियो प्लेटफॉर्म में 7.7% हिस्सेदारी के लिए 33,737 करोड़ रुपए का निवेश किया था।


 इसी साल जुलाई में कंपनी की सालाना बैठक में चेयरमैन मुकेश अंबानी ने भविष्य में 2G मुक्त भारत के लिए गूगल के साथ मिलकर काम करेगी। इसके लिए कम कीमत में 4G और 5G स्मार्टफोन के निर्माण किया जाएगा। इससे पहले कंपनी ने 2017 में जियो फोन लॉन्च किया था, जिसके पास 10 करोड़ से ज्यादा यूजर हैं। इनमें से ज्यादातर यूजर पहली बार इंटरनेट यूज कर रहे हैं।


मुंबई

दीवान हाउसिंग फाइनेंस कॉर्पोरेशन (DHFL) के लिए ऑकट्री कैपिटल मैनेजमेंट ने ऑफर बढ़ाकर 1,700 करोड़ रुपए कर दिया है। इससे पहले DHFL असेट्स के लिए अन्य बिडर्स पीरामल कैपिटल एंड हाउसिंग फाइनेंस (PCHFL) ने भी इंट्रेस्ट इनकम में इतनी ही रकम बढ़ाई थी।


कमिटी ऑफ क्रेडिटर्स को कंपनी का ईमेलः  कमिटी ऑफ क्रेडिटर्स को भेजे ईमेल में कंपनी ने कहा कि हम ब्याज की अतिरिक्त आय और बीमा कंपनी में हिस्सेदारी के लिए दूसरी सबसे बड़ी बोली की कुल के रकम के समान ही दे रहे हैं। यह बोली इसी तरह लगातार जारी रहने वाली है। हालांकि यह स्थितियों का गलत तरीके से फायदा उठाना नहीं है।


बिड में ऑकट्री की स्थितिः  इसके बाद DHFL के लिए ऑकट्री की कुल बिड 38,400 करोड़ रुपए हो जाएगी। हालांकि कंपनी ने कहा कि उसके द्वारा ऑफर बिड पीरामल के बिड से 1,150 करोड़ रुपए अधिक है। इसके अलावा कंपनी ने दावा किया है कि उसका नेट प्रजेंट वैल्यू (NPV) भी प्रतिद्वंदी बिडर्स से 1,501 करोड़ रुपए अधिक है। बता दें कि हाल के राउंड में DHFL के लिए बोली में ऑकट्री कैपिटल के अलावा पीरामल कैपिटल और अदाणी प्रॉपर्टीज ने भी बिड जमा किए थे।


 

नई दिल्ली

बांग्लादेश   भारत से 150,000 टन चावल खरीदने की तैयारी में है। तीन साल में यह पहला मौका है जब बांग्लादेश भारत से चावल खरीद रहा है। बाढ़ के कारण बांग्लादेश में चावल की कीमत रेकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई है। भारत दुनिया में चावल का सबसे बड़ा निर्यातक है। बंपर फसल के बाद भारत में चावल का सरप्लस भंडार हो गया है। यही वजह है कि वह थाईलैंड और वियतनाम के मुकाबले कम कीमत पर चावल निर्यात कर रहा है।


 नैशनल एग्रीकल्चरल कोऑपरेटिव मार्केटिंग फेडरेशन ऑफ इंडिया (नैफेड) के एक प्रवक्ता ने कहा कि हम बांग्लादेश के साथ बातचीत कर रहे हैं। नैफेड बांग्लादेश को पांच लाख टन चावल निर्यात करने की स्थिति में है। बांग्लादेश की फूड मिनिस्ट्री के एक सीनियर अधिकारी ने कहा कि गवर्नमेंट टु गवर्नमेंट डील के तहत उनका देश एक लाख टन उसना चावल और 50 हजार टन व्हाइट राइस खरीद सकता है।


भारत का रेट थाईलैंड से कितना कम


भारत सरकार के एक सूत्र ने कहा कि भारत 407 डॉलर प्रति टन के भाव से उसना चावल और 417 डॉलर प्रति टन के भाव से व्हाइट राइस बेच सकता है। यह कीमत थाईलैंड और वियतनाम के मुकाबले एक तिहाई कम है। अधिकारी ने कहा कि अगले साल की पलहे तिमाही में पश्चिम बंगाल के हल्दिया पोर्ट से ये चावल निर्यात किया जा सकता है।


लखनऊ

सीएम योगी आदित्यनाथ ने जरूरतमंदों, गरीबों और गंभीर रोगियों की चिकित्सा के लिए आर्थिक मदद करने के मामले में नया कीर्तिमान बनाया है। प्रदेश में अब तक 58 हजार 178 गरीबों को मुख्यमंत्री के विवेकाधीन कोष से 886 करोड़ 37 लाख 85 हजार रुपये की मदद दी गई है। यह रकम पिछली सरकारों से लगभगग दो गुनी है। प्रदेश सरकार के प्रवक्ता ने बताया कि सरकार ने कैंसर, किडनी और हृदय रोग सहित कई अन्य गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए खजाना खोल दिया है। साढ़े तीन साल के कार्यकाल में सीएम योगी ने सबसे ज्यादा ऐसे लोगों की मदद की गई है, जिन्होंने पैसे के अभाव में जीवन की आस छोड़ दी थी। सीएम की मदद से ऐसे हजारों लोगों की न सिर्फ जान बची है, बल्कि परिवारों के जमीन-जायदाद भी बिकने से बचे हैं। सपा सरकार में वर्ष 2012 से 2017 तक मात्र 10 हजार 431 लोगों को 447 करोड़ 84 लाख 94 हजार 948 रुपये की मदद की है। सीएम योगी ने साढ़े तीन साल में ही यह रिकार्ड तोड़ दिया और पिछली सरकार से 438.52 करोड़ रुपये ज्यादा लोगों में बांटें हैं। 


 
चंडीगढ़

पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने शुक्रवार को प्रदर्शन कर रहे किसानों से मोबाइल टॉवर  को नुकसान नहीं पहुंचाने की अपील की है। खबरें आ रहीं थी कि नए कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे किसानों ने पंजाब के कई हिस्सों में मोबाइल टॉवर की बिजली प्रभावित की थी। सीएम ने किसानों से 'जनता को असुविधा' नहीं पहुंचाने का आग्रह किया है। इस दौरान सीएम ने राज्य में कृषि क्षेत्र पर पड़ने वाले बुरे प्रभाव का हवाला दिया है। दिल्ली की सीमा पर बीते लगभग एक महीने से किसानों का प्रदर्शन जारी है।


कोविड दौर में जरूरी है मोबाइल सेवा


पंजाब में मोबाइल टॉवरों की बिजली को प्रभावित करने की खबरों के बीच मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिंदर सिंह ने किसानों से शांत रहने की अपील की है। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि कोविड-19 महामारी के बीच टेलीकॉम कनेक्टिविटी बहुत जरूरी हो गई है। इसके अलावा उन्होंने किसानों से दिल्ली की सीमाओं पर जारी प्रदर्शनों के बीच अनुशासन में रहने की बात कही है।


उन्होंने किसानों से कहा है कि किसान जबरदस्ती टेलीकॉम कनेक्टिविटी को काटकर या कर्मचारियों पर दवाब डालकर कानून को अपने हाथ में न लें। इसके अलावा उन्होंने कहा है कि इस तरह के काम पंजाब के हित में नहीं हैं। सीएम ने कहा कि पंजाब के लोग 'काले' कनूनों के खिलाफ लड़ाई में किसानों के साथ खड़े हैं और आगे भी खड़े रहेंगे। उन्होंने किसानों से निवेदन किया कि तय करें कि इंसाफ की लड़ाई में राज्य की जनता को किसी तरह की परेशानी नहीं होगी।


वॉशिंगटन 

अमेरिका ने चीन में उइगर मुसलमानों पर लगाई जा रही विभिन्न पाबंदियों को अल्पसंख्यक समुदाय का नरसंहार करार देते हुए इसकी विस्तृत जांच करने की बात कही है। अमेरिकी प्रशासन के एक  अधिकारी ने गुरुवार को यह बात कही। 


समाचार एजेंसी क्योडो की रिपोर्ट के मुताबिक, अमेरिका के विदेश मंत्री माइक पोम्पियो ने वैश्विक आपराधिक न्याय के एम्बेसडर मोर्सरे टैन को चीन में उइगर मुसलमानों पर हो रहे अत्याचारों की जांच का जिम्मा सौंपा गया है। टैन सीमित समय में इसकी जांच कर जल्द ही अपनी रिपोर्ट सौंपेंगे। संयुक्त राष्ट्र के नियमों के मुताबिक किसी भी अल्पसंख्यक समुदाय के लोगों की बड़ी संख्या में हत्या होना और उसकी जनसंख्या नियंत्रित करने को लेकर उठाए जा रहे कदमों को नरसंहार की श्रेणी में ही गिना जाएगा। चीन के शिनजियांग स्वायत्त क्षेत्र में अल्पसंख्यक वीगर मुसलमानों पर हो रहे अत्याचारों को लेकर अमेरिका लगातार बीजिंग पर मानवाधिकारों के उल्लंघन का आरोप लगाता आया है। चीन में वीगर मुसलमानों की बलपूर्वक नसबंदी करना, उन्हें हिरासत केन्द्रों में रखना और जबर्दस्ती मजदूरी करवाना जैसे अत्याचार हो रहे हैं, जिसके आधार पर अमेरिका ने चीन पर उइगर मुसलमानों के नरसंहार का आरोप लगाया है।


नई दिल्ली 

कृषि कानूनों के विरोध और वापसी की मांग के बीच देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने बीच का रास्ता सुझाया है। राजनाथ सिंह ने कहा है कि इसे 1-2 साल लागू करके देख लिया जाए। आंदोलनकारी किसानों से कृषि कानूनों पर चर्चा के लिए आगे आने की अपील करते हुए वरिष्ठ भाजपा नेता और केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह ने शुक्रवार को कहा कि यदि किसानों को कानून लाभकारी नहीं लगते तो सरकार उनमें संशोधन करेगी। आंदोलनकारी किसानों को अपने ही लोग बताते हुए सिंह ने कहा, ‘धरने पर बैठे लोग किसान हैं और किसान परिवारों में जन्मे हैं। हम उनके प्रति बहुत सम्मान रखते हैं।’ राष्ट्रीय राजधानी के द्वारका में एक रैली को संबोधित करते हुए रक्षा मंत्री ने कहा कि वह स्वयं किसान के बेटे हैं। उन्होंने आश्वासन दिया कि मोदी सरकार कभी ऐसा कुछ नहीं करेगी जो किसानों के हित में नहीं हो। किसानों से नए कृषि कानूनों को ट्रायल के तौर पर लेने का अनुरोध करते हुए पूर्व भाजपा अध्यक्ष ने कहा कि अगर ये कानून लाभकारी नहीं लगते तो सरकार सभी जरूरी संशोधन इनमें लाएगी।


राजनाथ सिंह ने कहा,  ‘अभी एक या दो साल के लिए कृषि कानूनों को लागू करने दिया जाए। इसे प्रयोग के तौर पर देखते हैं और यदि ये किसानों के लिए लाभकारी 


नहीं लगते तो सरकार हरसंभव संशोधन को  तैयार रहेगी।’ उन्होंने कहा कि हर समस्या का समाधान बातचीत से निकल सकता है और प्रधानमंत्री मोदी किसानों से बातचीत जारी रखने के पक्ष में हैं, इसलिए सरकार ने उन्हें न्योता भेजा है।


नई दिल्ली 

नए कृषि कानूनों को लेकर जारी किसानों के आंदोलन के बीच पीएम नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार को पीएम किसान सम्मान निधि योजना के तहत नौ करोड़ किसानों के खातों में 18 हजार करोड़ रुपये ट्रांसफर किए। इस कार्यक्रम के दौरान केंद्र सरकार के मंत्री अलग-अलग जगहों से किसानों से जुड़े थे। इसी दौरान केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने दिल्ली के महरौली में सभा को संबोधित करते हुए कहा कि सरकार किसान संगठनों के साथ खुले दिल से वार्ता को तैयार है। उन्होंने कहा कि एमएसपी को लेकर विपक्ष किसानों को भ्रमित कर रही है, जबकि यह व्यवस्था कभी खत्म नहीं होगी। केंद्रीय मंत्री राजनाथ सिंह और नरेंद्र सिंह तोमर ने भी एमएसपी को लेकर किसानों के भ्रम को दूर करने की कोशिश की। 


अमित शाह ने कहा, ‘जब नरेंद्र भाई प्रधानमंत्री किसान सम्मान योजना लेकर आए तब राहुल बाबा समेत विपक्ष के सारे नेता कहते थे कि किसानों का ऋण माफ करो। कांग्रेस की सरकार ने 10 साल में 60,000 करोड़ का ऋण माफ किया। नरेंद्र मोदी ने ढाई साल में ही 95,000 करोड़ सीधे किसानों के अकाउंट में डलवा दिए। उन्होंने आगे कहा, ‘ये तीनों कानून किसानों के हित में हैं। कोई भी एमएसपी व्यवस्था को हटा नहीं सकता और न ही किसानों की जमीन उनसे छीन सकता है। सरकार खुले दिल से किसान संगठनों से बातचीत के लिए तैयार है।’ अमित शाह ने कहा कि विपक्ष एमएसपी को लेकर किसानों को भ्रमित कर रहा है। एमएसपी सिस्टम बना रहेगा। 


केंद्रीय रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने भी अपने संबोधन में कहा, ‘प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा किसानों के लिए तीन क़ानून बनाए गए हैं। लेकिन आज कुछ लोगों के द्वारा गलतफहमी पैदा की जा रही है कि एमएसपी खत्म कर दी जाएगी। मैं किसानों को वचन दे रहा हूं कि किसी भी कीमत पर एमएसपी खत्म नहीं होगी।’


क्या बोले कृषि मंत्री तोमर?


केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने भी किसानों को भ्रमित बताते हुए कहा, ‘पंजाब सहित थोड़े से कुछ किसान भाई-बहनों के मन में नए कानूनों को लेकर भ्रम पैदा हुआ है। मैं उनको आग्रह करता हूं कि वो इस आंदोलन को त्याग कर सरकार के वार्ता के निमंत्रण पर आएं। मुझे आशा है कि किसान नए कानून के मर्म और महत्व को समझेंगे और हम समाधान की ओर


अग्रसर होंगे


लंदन 

ब्रिटेन में फैले कोरोना वायरस के नए स्ट्रेन को लेकर वैज्ञानिकों ने एक नए शोध के जरिए चेताया है कि ये नया स्ट्रेन पुराने वायरस की तुलना में 56 फीसदी ज्यादा खतरनाक है। इससे ज्यादा संख्या में मौतें हो सकती हैं। वैज्ञानिकों ने अपील की है कि ब्रिटेन में जल्द से जल्द टीकाकरण का कार्य शुरू किया जाए।


लंदन स्कूल ऑफ हाइजिन एंड ट्रॉपिकल मेडिसिन में सेंटर फॉर मैथमैटिकल मॉडलिंग ऑफ इनफेक्शियस डिसीज की ओर से प्रकाशित शोध के मुताबिक नवंबर में दक्षिण-पूर्व इंग्लैंड में तेजी से फैले इस स्ट्रेन के कारण अगले साल कोविड-19 से अस्पतालों में भर्तियां ज्यादा हो जाएंगी और मौतों की संख्या अधिक होगी।


शोधकर्ताओं का यह भी कहना है कि अभी भी ये निश्चित नहीं है कि म्यूटेडेड स्ट्रेन, पुराने वेरियंट से ज्यादा या कम खतरनाक है। शोधकर्ताओं का कहना है कि संक्रमण दर में बढ़ोतरी से 2021 तक कोविड-19 से मरीजों की मौत और अस्पतालों में मरीजों की संख्या में भी बढ़ोतरी होगी। 


शोध के लेखकों ने चेतावनी दी है कि नवंबर में इंग्लैंड में लागू किए गए राष्ट्रीय लॉकडाउन से तब तक संक्रमण की दर को रोकने में मदद नहीं मिलेगी, जब तक प्राथमिक स्कूल, माध्यमिक स्कूल और विश्वविद्यालयों को बंद नहीं किया जाएगा। 


भोपाल 

मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने शुक्रवार को होशंगाबाद जिले के बाबई विकासखंड में आयोजित प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि कार्यक्रम के मंच से राज्य के असामाजिक तत्वों को सख्त चेतावनी दी। उन्होंने कहा, ‘गुंडे-माफिया राज्य छोड़ दें, वरना 10 फीट नीचे जमीन में गाड़ दूंगा। मामा आजकल फॉर्म में हैं। मैं गड़बड़ करने वालों को छोड़ूंगा नहीं।’ कार्यक्रम में प्रदेश भाजपा अध्यक्ष वीडी शर्मा सहित कई नेता मौजूद थे।


अपने संबोधन में शिवराज ने कहा, ‘आजकल अपन खतरनाक मूड में हैं। गड़बड़ करने वालों को छोड़ेंगे नहीं। आजकल मामा फार्म में हैं। एक तरफ माफियाओं के खिलाफ अभियान चल रहा है। मसल पावर का, रसूख का इस्तेमाल करके कहीं अवैध कब्जा कर लिया, कहीं भवन तान दिए, कहीं ड्रग माफिया। सुन लो रे मध्यप्रदेश छोड़ देना नहीं तो जमीन में गाड़ दूंगा 10 फीट। पता नहीं चलेगा कहीं भी किसी को। सुशासन का मतलब जनता परेशान न हो। दादा, गुंडे, बदमाश ये अब कोई नहीं चलने वाला है। ये सुशासन है।’ उन्होंने प्रदेशवासियों से कहा कि अब लोगों को कार्यालय के चक्कर लगाने की जरूरत नहीं होगी। सुशासन का मतलब बिना कुछ लिए-दिए तय समयसीमा में जनता को लाभ दिलाया जाए

 
काठमांडू

नेपाल की राजनीति में उठापटक जारी है। नेपाल की सुप्रीम कोर्ट ने संसद भंग किए जाने के फैसले को लेकर शुक्रवार को नेपाल सरकार को कारण बताओ नोटिस जारी किया है। जिसमें कहा गया कि वह संसद को अचानक भंग करने के अपने निर्णय पर एक लिखित स्पष्टीकरण प्रस्तुत करे। जज ने इस मामले की अगली सुनवाई 15 जनवरी को मुकर्रर की है। 


जानकारी के अनुसार 275 सदस्यीय संसद को भंग करने के सरकार के फैसले के खिलाफ दायर रिट याचिकाओं पर मुख्य न्यायाधीश चोलेंद्र शमशेर राणा की अध्यक्षता वाली पांच सदस्यीय संवैधानिक पीठ में प्रारंभिक सुनवाई के बाद नोटिस जारी किया गया है।


पीठ ने प्रधानमंत्री कार्यालय और मंत्रिपरिषद और राष्ट्रपति कार्यालय से लिखित स्पष्टीकरण की मांग की क्योंकि उन्हें सभी रिट याचिकाओं में प्रतिवादी बनाया गया है।


अदालत ने सरकार को सदन को भंग करने के लिए सरकार द्वारा की गई सिफारिशों की एक मूल प्रति और राष्ट्रपति बिद्या देवी भंडारी द्वारा सरकार की सिफारिशों को प्रमाणित करने के लिए किए गए निर्णय को प्रस्तुत करने के लिए भी कहा है।


बुधवार को चीफ जस्टिस राणा की एकल पीठ ने सभी रिट याचिकाओं को संवैधानिक पीठ को भेज दिया। संसद को भंग करने के सरकार के फैसले को चुनौती देते हुए कुल मिलाकर 13 रिट याचिकाएं शीर्ष अदालत में दर्ज की गई हैं


नई दिल्ली 

केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह आज से असम और मणिपुर का दो दिवसीय दौरा करेंगे। इस दौरान वह गुवाहाटी में एक मेडिकल कॉलेज की आधारशिला रखेंगे और असम दर्शन कार्यक्रम के तहत 8,000 ‘नामघरों या वैष्णवों के मठों को वित्तीय अनुदान वितरित करेंगे।  मणिपुर में, अमित शाह चूराचंद्रपुर मेडिकल कॉलेज, म्योंगखोंग में एक आईआईटी, इम्फाल में सरकारी अतिथि गृह, राज्य के पुलिस मुख्यालय और एकीकृत कमान और नियंत्रण केंद्र की आधारशिला रखेंगे। गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि ‘नामघरों को वित्तीय अनुदान का वितरण करने के अलावा शाह बाताद्रव्य थान को सांस्कृतिक और पर्यटन स्थल के रूप में विकसित करने के लिए आधारशिला रखेंगे। असम के नगांव जिले में वैष्णव संप्रदाय के मठ बाताद्रव्य थान की स्थापना 15 वीं-16 वीं सदी के असमिया संत-विद्वान, कवि और समाज सुधारक श्रीमंत शंकरदेव ने की थी



नई दिल्ली

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 'प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि' के तहत मिलने वाले वित्तीय लाभ की किस्त जारी की। उन्होंने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए एक बटन दबाकर नौ करोड़ से अधिक किसान लाभार्थियों के खातों में 18 हजार करोड़ रुपये ट्रांसफर किया। इसके बाद किसानों से बातचीत में विपक्ष पर निशाना साधते हुए प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा कि सरकार किसान के साथ हर कदम पर खड़ी है। किसान चाहे जिसे अपनी उपज बेचना चाहे, सरकार ने ऐसी व्यवस्था की है कि एक मजबूत कानून किसानों के पक्ष में खड़ा रहे। कुछ राजनीतिक दल जिन्हें देश की जनता ने लोकतांत्रिक तरीके से नकार दिया है, वो आज कुछ किसानों को गुमराह कर रहे हैं।


पीएम मोदी ने आगे कहा कि सरकार की तरफ से अनेक प्रयासों के बावजूद भी वे किसी न किसी राजनीतिक कारण से ये चर्चा नहीं होने दे रहे हैं।  पिछले दिनों अनेक राज्यों, चाहे असम हो, राजस्थान हो, जम्मू-कश्मीर हो, इनमें पंचायतों के चुनाव हुए। इनमें प्रमुखत: ग्रामीण क्षेत्र के लोगों ने, किसानों ने ही भाग लिया। उन्होंने एक प्रकार से किसानों को गुमराह करने वाले सभी दलों को नकार दिया है।


बंगाल के किसानों को केंद्र की योजनाओं के लाभ से वंचित रखा गया


पीएम मोदी ने ममता बनर्जी की सरकार पर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि बंगाल के किसानों को केंद्र की योजनाओं के लाभ से वंचित रखा गया है। बंगाल एकमात्र ऐसा राज्य है जो योजनाओं का लाभ किसानों तक नहीं पहुंचने दे रहा है।


ममता बनर्जी की विचारधारा ने बंगाल को बर्बाद कर दिया है। किसानों के खिलाफ उनके रवैये ने मुझे बहुत आहत किया है। विपक्ष इस पर चुप क्यों है? पश्चिम बंगाल के 70 लाख से अधिक किसान भाई-बहनों को पीएम किसान सम्मान निधि योजना का लाभ नहीं मिल रहा है। बंगाल की सरकार के राजनीतिक कारणों से उनके राज्यों के किसानों को पैसे नहीं मिल रहे हैं।


हमारी सरकार ने नई अप्रोच के साथ काम करना शुरू किया


पीएम मोदी ने कहा, ‘ 2014 में सरकार बनने के बाद हमारी सरकार ने नई अप्रोच के साथ काम करना शुरू किया। हमने देश के किसान की छोटी छोटी दिक्कतों, कृषि के आधुनिकीकरण और उसे भविष्य की जरूरतों के लिए तैयार करने पर ध्यान दिया। हमारी सरकार ने प्रयास किया कि देश के किसान को फसल की उचित कीमत मिले। हमने लंबे समय से लटकी स्वामीनाथन कमेटी की रिपोर्ट के अनुसार, लागत का डेढ़ गुना एमएसपी किसानों को दिया। पहले कुछ ही फसलों पर एमएसपी मिलती थी, हमने उनकी भी संख्या बढ़ाई।’


केरल में आंदोलन करके वहां तो एपीएमसी चालू कराएं


पीएम मोदी ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा, ‘किसानों के नाम पर अपने झंडे लेकर जो खेल खेल रहे हैं, अब उनको सच सुनना पड़ेगा। ये लोग अखबार और मीडिया में जगह बनाकर, राजनीतिक मैदान में खुद के जिंदा रहने की जड़ी- बूटी खोज रहे हैं। मैं इन दलों से पूछता हूं कि यहां फोटो निकालने के कार्यक्रम करते हैं, जरा केरल में आंदोलन करके वहां तो एपीएमसी चालू कराएं।


‘हम गांवों में किसानों का जीवन आसान बना रहे हैं। आज बड़े-बड़े भाषण देने वाले जब सत्ता में थे, तो उन्होंने किसानों के लिए कुछ नहीं किया। हमने एक हजार से अधिक मंडियों को ऑनलाइन जोड़ा है, जहां एक लाख करोड़ रुपये से अधिक का व्यापार पहले ही हो चुका है। कुछ लोग किसानों की जमीन को लेकर चिंतित हैं। हम सभी उन लोगों के बारे में जानते हैं जिनका नाम मीडिया में भूमि कब्जाने के लिए आया था।’


केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र तोमर ने कहा, ‘पंजाब सहित थोड़े से कुछ किसान भाई-बहनों के मन में नए कानूनों को लेकर भ्रम पैदा हुआ है। मैं उनको आग्रह करता हूं कि वो इस आंदोलन को त्याग कर सरकार के वार्ता के निमंत्रण पर आएं।


 मुझे आशा है कि किसान नए कानून के मर्म और महत्व को समझेंगे और हम समाधान की ओर अग्रसर होंगे। मैं प्रदर्शनकारी किसानों से अपील करता हूं कि वे अपना विरोध खत्म करें और सरकार से बातचीत करें। 

 
मुंबई

भारत के दिवंगत पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की 96वीं जयंती पर उन्हें राज्य भर में याद किया गया। राज्यपाल भगत‌ सिंह कोश्यारी ने बोरीवली के अटल स्मृति उद्यान का दौरा किया।  राज्यपाल भगत सिंह कोश्यारी ने बोरीवली में अटल स्मृति भवन का दौरा किया और उनकी प्रतिमा का अभिवादन किया। राज्यपाल ने अटल स्मृति उद्यान परिसर का दौरा भी किया। इस अवसर पर सांसद गोपाल शेट्टी, लद्दाख के सांसद जाम्यांग छेरिंग नामग्याल, पूर्व मंत्री विनोद तावडे, विधायक सुनील राणे, भाई गिरकर, योगेश सागर व मनीषा चौधरी सहित नगरसेवक प्रमुख रूप से उपस्थित थे। राज्यपाल ने वहां वाजपेयी के जीवन पर आधारित एक ऑडियो-विजुअल प्रदर्शनी का भी निरीक्षण किया। उन्होंने संसद भवन की पहली प्रतिकृति को देखा और वाजपेयी के जीवन पर एक आभासी प्रश्नोत्तरी में भी भाग लिया।


पाटिल ने कोल्हापुर में दी आदराजंलि 


भाजपा प्रदेश अध्यक्ष चंद्रकांत पाटिल ने पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी की तस्वीर पर पुष्प अर्पित कर उन्हें नमन किया। उन्होंने ट्विट में कहा कि आज का दिन सुशासन दिवस के रूप में मनाया जाता है। स्वतंत्र भारत में सुशासन का पहला पाठ अटलजी ने सिखाया था। उन्होंने लिखा कि आज असंख्य कार्यकर्ता उनके बताए रास्तों पर चल रहे हैं। उनके ओजस्वी भाषण विपक्ष को भी सम्मोहित कर देता था। इधर पूर्व वित्त मंत्री और भाजपा नेता सुधीर मुनगंटीवार ने चंद्रपुर में अटलजी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें आदराजंलि दी।


 मुंबई

मुंबई में लगातार कोरोना दम तोड़ता नजर आ रहा है, इस बीच धारावी से भी अच्छी खबर आ रही है। अप्रैल माह के बाद शुक्रवार को पहली बार धारावी में कोरोना का कोई भी मरीज नहीं मिला है। 


एशिया की सबसे बड़ी झोपड़पट्टी धारावी में कोरोना फैलने के बाद हाहाकार मच गया था। यहां कोरोना का फैलाव होने से विकराल रूप धारण करने की आशंका प्रकट की गई थी। अप्रैल महीने के बाद धारावी में शुक्रवार को कोरोना का कोई भी मरीज नहीं मिलने से मनपा अधिकारियों और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है। हालांकि मनपा प्रशासन ने लोगों से मास्क लगाने और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की अपील की है। 


मार्च माह में धारावी में कोरोना का पहला मामला सामने आया था। इसके बाद यहां लगातार मरीजों की संख्या बढ़ने लगी। इस परिसर में कोरोना फैलने के बाद जी नार्थ वार्ड के सहायक आयुक्त किरण दीघावकर ने अपनी पूरी टीम के साथ महामारी से निपटने के लिए पूरी ताकत झोंक दी थी। उनकी टीम को अच्छा सहयोग मिला। दीघावकर ने कोरोना मरीजों को विलगीकरण से लेकर उन्हें हर प्रकार की सुविधा मुहैया कराने पर भी विशेष ध्यान दिया। मरीजों को इलाज की सुविधा देने के साथ-साथ उनका मानसिक तनाव दूर करने का प्रयास किया गया। जिसका फायदा यह हुआ कि मरीज की संख्या में गिरावट तो हुई ही, साथ ही साथ मृतकों की संख्या में भी कमी आने लगी। कोरोना को काबू में लाने के लिए धारावी में विशेष मॉडल अपनाया गया। इस विशेष मॉडल की विश्व स्वास्‍थ्य संगठन (डब्लूएचओ) ने भी सराहना की।


धारावी में पिछले एक महीने से कोरोना का असर कम होता दिखाई देने लगा। यहां मरीजों की संख्या इकाई में आ गई थी, तभी से यह लगने लगा था कि धारावी में कोरोना दम तोड़ रहा है। शुक्रवार को धारावी में कोरोना का एक भी मरीज नहीं मिलने से मनपा प्रशासन और आम जनता ने राहत की सांस ली है। हालांकि ब्रिटेन में कोरोना की नए वेरिएंट मिलने से प्रशासन अभी सर्तक है। धारावी में अब मात्र 12 मरीज कोरोना संक्रमित बचे हैं। जिसमें से 8 होम कोरेंटाइन हैं, जबकि मात्र 4 मनपा के सीसीसी 2 में भर्ती है। धारावी में ऐसा कोई भी मरीज नहीं बचा है, जिसकी हालत गंभीर हो। मुंबई

मुंबई में लगातार कोरोना दम तोड़ता नजर आ रहा है, इस बीच धारावी से भी अच्छी खबर आ रही है। अप्रैल माह के बाद शुक्रवार को पहली बार धारावी में कोरोना का कोई भी मरीज नहीं मिला है। 


एशिया की सबसे बड़ी झोपड़पट्टी धारावी में कोरोना फैलने के बाद हाहाकार मच गया था। यहां कोरोना का फैलाव होने से विकराल रूप धारण करने की आशंका प्रकट की गई थी। अप्रैल महीने के बाद धारावी में शुक्रवार को कोरोना का कोई भी मरीज नहीं मिलने से मनपा अधिकारियों और स्थानीय लोगों ने राहत की सांस ली है। हालांकि मनपा प्रशासन ने लोगों से मास्क लगाने और सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करने की अपील की है। 


मार्च माह में धारावी में कोरोना का पहला मामला सामने आया था। इसके बाद यहां लगातार मरीजों की संख्या बढ़ने लगी। इस परिसर में कोरोना फैलने के बाद जी नार्थ वार्ड के सहायक आयुक्त किरण दीघावकर ने अपनी पूरी टीम के साथ महामारी से निपटने के लिए पूरी ताकत झोंक दी थी। उनकी टीम को अच्छा सहयोग मिला। दीघावकर ने कोरोना मरीजों को विलगीकरण से लेकर उन्हें हर प्रकार की सुविधा मुहैया कराने पर भी विशेष ध्यान दिया। मरीजों को इलाज की सुविधा देने के साथ-साथ उनका मानसिक तनाव दूर करने का प्रयास किया गया। जिसका फायदा यह हुआ कि मरीज की संख्या में गिरावट तो हुई ही, साथ ही साथ मृतकों की संख्या में भी कमी आने लगी। कोरोना को काबू में लाने के लिए धारावी में विशेष मॉडल अपनाया गया। इस विशेष मॉडल की विश्व स्वास्‍थ्य संगठन (डब्लूएचओ) ने भी सराहना की।


धारावी में पिछले एक महीने से कोरोना का असर कम होता दिखाई देने लगा। यहां मरीजों की संख्या इकाई में आ गई थी, तभी से यह लगने लगा था कि धारावी में कोरोना दम तोड़ रहा है। शुक्रवार को धारावी में कोरोना का एक भी मरीज नहीं मिलने से मनपा प्रशासन और आम जनता ने राहत की सांस ली है। हालांकि ब्रिटेन में कोरोना की नए वेरिएंट मिलने से प्रशासन अभी सर्तक है। धारावी में अब मात्र 12 मरीज कोरोना संक्रमित बचे हैं। जिसमें से 8 होम कोरेंटाइन हैं, जबकि मात्र 4 मनपा के सीसीसी 2 में भर्ती है। धारावी में ऐसा कोई भी मरीज नहीं बचा है, जिसकी हालत गंभीर हो। 


मुंबई

पिछले एक महीने से दिल्ली-हरियाणा बॉर्डर पर कृषि कानून के विरोध में किसानों का आंदोलन जारी है. इसके जवाब में शुक्रवार को प्रदेश भाजपा के तत्वावधान में पूरे राज्य में कृषि कानून के समर्थन में आंदोलन किया गया। इसी के तहत पुणे जिले के मुलशी तालुका के भुगांव में भाजपा प्रदेशाध्यक्ष चंद्रकांत पाटिल के नेतृत्व में रैली का आयोजन किया गया। रैली में चंद्रकांत पाटिल ने कहा कि देश मे पिछले 70 वर्षों के बाद किसी सरकार ने किसानों के लिए इतना काम किया है. किसानों को हर चार माह पर प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना के तहत आर्थिक मदद के रूप में उनके खातों में सीधे राशि जमा की जा रही है। 


कांग्रेस पर निशाना साधते हुए पाटिल ने कहा की पिछले 70वर्षों में कांग्रेस ने सिर्फ किसानों को गुमराह करने का काम किया, लेकिन 2014 में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में बनी भाजपा सरकार ने किसानों को समृद्ध, सुखी और सुरक्षित करने के लिए काम शुरू किया है। 


पाटिल ने रैली में कहा कि मैं खुद एक किसान परिवार से हूं। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने महाराष्ट्र सहित देश के अन्य कई राज्यों के खेतों का परीक्षण करवाया, मालूम पड़ा कि बड़ी संख्या में ऐसे खेत है जहां सिंचाई की सुविधा और पानी नही होने के कारण वहां अनाज पैदा नही होता। इसी को देखते केंद्र सरकार की मदद से राज्य की पिछली भाजपा सरकार ने कई परियोजना को शुरू किया है. किसानों के होने वाले फसल नुकसान की भरपाई के लिए प्रधानमंत्री मोदी ने फसल बीमा योजना शुरू किया जिसका बड़ी संख्या में किसानों को लाभ मिल रहा है।


भ्रष्टाचार पर लगी लगाम 


पाटिल ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार आने के बाद किसानों को मिलने वाली योजनाओं में होने वाला भ्रष्टाचार बन्द हो गया है. सरकार द्वारा भेजे जाने वाली रकम सीधे किसानों के खातों में जमा हो जाती है। राकांपा प्रमुख शरद पवार पर निशाना साधते हुए पाटिल ने कहा कि तत्कालीन यूपीए सरकार में कृषि मंत्री रहते हुए पवार ने इसी कानून के संशोधन को लेकर सभी मुख्यमंत्रियों को पत्र लिखा था, लेकिन जब मोदी सरकार ने इसे लागू कर दिया तो कानून का विरोध हो रहा है. कानून का विरोध करना था तो लोकसभा और राज्य सभा से पवार ने वाक आउट क्यों किया।


किसानों को एमएसपी से फायदा


केंद में भाजपा की सरकार बनने के बाद पिछले कई वर्षों से लटकी स्वामीनाथन आयोग की सिफारिश को हमारी सरकार ने लागू किया। इसके साथ फसलो पर एमएसपी लागू करने का निर्णय सरकार ने लिया जिसका बड़ी संख्या में किसानों को फायदा मिल रहा है. विपक्ष पर हमला बोलते हुए पाटिल ने कहा कि पिछले कई वर्षों से स्वामीनाथन आयोग को लागू करने की मांग किसान कर रहे थे लेकिन केंद्र की तत्कालीन सरकार ने कोई निर्णय नही लिया।


गन्ना किसानों के लिए एमएसपी बढ़ाया था


कृषि कानून के समर्थन में प्रदेश भाजपा द्वारा राज्य के अलग अलग स्थानों पर पांच हजार से अधिक स्थानों पर आंदोलन किया गया जिसमें बड़ी संख्या में किसानों ने हिस्सा लिया। पाटिल ने कहा कि राज्य में ग्राम पंचायत चुनाव के कारण लगी आचार संहिता के चलते कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियो ने अपने-अपने घरों में रैली का आयोजन किया था। पाटिल ने बताया कि कानून के समर्थन में केंद्रीय कृषि मंत्री ने नरेंद्र सिंह तोमर द्वारा लिखे गए पत्र को राज्य के करीब एक करोड़ किसानों के घरों तक पहुचाया गया है।


बैलगाड़ी और ट्रैक्टर से निकली रैली


कृषि कानून के समर्थन में बड़ी संख्या में किसानों ने पाटिल के नेतृत्व में बैलगाड़ी और ट्रैक्टरों की रैली निकाली, जिसमें किसानों ने कानून के समर्थन में जोरदार नारेबाजी की. भारतरत्न पूर्व प्रधानमंत्री स्व. अटल बिहारी वाजपेयी की जयंती पर आयोजित रैली से पहले प्रदेशाध्यक्ष चंद्रकांत पाटिल ने वाजपेयी की तश्वीर पर पुष्पहार अर्पित कर उन्हें श्रद्धांजलि दी। 


इस अवसर पर पुणे लोकसभा के सांसद गिरीश बापट, पूर्व राज्य मंत्री और विधायक संजय भेगड़े, प्रदेश उपाध्यक्ष माधव भंडारी, प्रदेश मीडिया प्रमुख विश्वाश पाठक, पुणे भाजपा जिलाध्यक्ष सहित बड़ी संख्या में किसान और भाजपा पदाधिकारी उपस्थित थे। कार्यक्रम में टीवी स्क्रीन के माध्यम से किसानों को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा पीएम किसान सम्मान योजना के तहत  9 करोड़ किसानों के खाते में 18 हजार करोड़ रुपए उनके खातों में जमा करते दिखाया गया।


निजी स्वार्थ के लिए विपक्ष कर रही है राजनीति-बापट


कार्यक्रम में पुणे लोकसभा से भाजपा सांसद गिरीश बापट ने विपक्ष पर निशाना साधते हुए कहा कि नए कृषि कानून के विरोध में जारी आंदोलन में विपक्ष का हाथ है जो कुछ किसानों को गुमराह करने का काम कर रहे है. बापट ने आरोप लगाया कि विपक्ष के पास कोई मुद्दा नही होने कारण अपने निजी राजनीतिक स्वार्थ के लिए विपक्ष किसानों के नाम पर राजनीति कर रही है जिसका फायदा उन्हें नही मिलेगा।


 मुंबई

केंद्रीय सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय ने एक जनवरी से देशभर के टोल प्लाजा पर फास्ट टैग इलेक्ट्रॉनिक टोल संग्रह प्रणाली को अनिवार्य कर दिया है। ‘फास्ट टैग’ न होने पर दोगुना टोल वसूला जाएगा। महाराष्ट्र में केंद्र सरकार के फैसले को 26 जनवरी से लागू  करने का निर्णय लिया है। महाराष्ट्र राज्य सड़क विकास निगम (MSRDC) के अनुसार,26 जनवरी से चार महत्वपूर्ण टोल प्लाज़ा  बांद्रा-वर्ली सी लिंक, मुंबई-पुणे एक्सप्रेसवे, सतारा-कागल मार्ग और मुंबई एंट्री पॉइंट (दहिसर टोल नाका को छोड़कर)  फास्ट टैग लागू किया जाएगा।


  एमएसआरडीसी के सह-प्रबंध निदेशक विजय वाघमारे ने  कहा कि मार्च 2021 तक एमएसआरडीसी के अधिकार क्षेत्र के तहत सभी 42 टोल प्लाजा पर फास्ट टैग अनिवार्य  कर दिया जाएगा।


 टोल प्लाजा पर लगने वाले ट्रैफिक जाम को कम करने और समय की बचत करने के लिए केंद्र सरकार ने फास्ट टैग, इलेक्ट्रॉनिक टोल संग्रह प्रणाली शुरू की है। फास्ट टैग एक स्टिकर है जिसे वाहन के सामने चिपका दिया जाता है। इन स्टिकर वाले वाहन मालिक RFID के माध्यम से टोल का भुगतान कर सकते हैं। ड्राइवर का बैंक खाता फास्ट टैग से जुड़ा हुआ  रहता है। इसलिए कुछ सेकंड में टोल का भुगतान करना आसान हो जाता है। सभी नए चार पहिया वाहनों को फास्ट टैग बाइंडिंग बनाया गया है. फास्ट टैग वाहनों  के लिए दो अलग-अलग लेन कई टोल प्लाजा पर  बनाए  गए हैं। इस प्रणाली को लागू करने का निर्णय एक साल पहले लिया गया था लेकिन देश भर के सभी टोल प्लाजा पर सिस्टम को संचालित करना और सभी ट्रेनों को फास्ट टैग प्रदान करना तत्काल संभव नहीं था. इसलिए देश भर के सभी टोल प्लाजा पर फास्ट टैग अनिवार्य करने की समय सीमा बढ़ा दी गई थी।

 
मुंबई

पूर्व मुख्य मंत्री और वि धानसभा में वि पक्ष के नेता देवेंद्र फड़नवीस ने कहा कि केंद्र सरकार के नए कृषि कानून किसानों को व्यापारियों के चंगुल से मुक्त करने वाले हैं। मोदी सरकार ने किसानों के कल्याण के लिए गए निर्णय लिए हैं, लेकिन सिर्फ राजनीति के लिए केंद्र सरकार को किसान विरोधी बताया जा रहा है।


फड़नवीस पुणे जिले के मांजरी में आयोजित किसान संवाद कार्यक्रम में बोल रहे थे। उन्होंने कहा कि फिलहाल बाजार समिति व्यवस्था से किसानों का बड़े पैमाने पर शोषण हो रहा है। मोदी सरकार की तरफ से लाए गए नए कृषि कानूनों से किसानों का शोषण रुकेगा, लेकिन राजनीतिक स्वार्थ के लिए किसानों को भ्रमित किया जा रहा है।


महाराष्ट्र में 2006 से लागू है अनुबंध खेती 


उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में वर्ष 2006 से अनुबंध खेती का कानून लागू है, लेकिन अनुबंध खेती के बारे में अभी तक किसानों की तरफ से कोई शिकायत नहीं मिली है, उस वक्त यह कानून बनाने वाले आज किसान कानूनों का विरोध कर रहे हैं। मोदी सरकार के नए कानून से अनुबंध खेती में किसानों से कोई धोखेबाजी नहीं होगी, इसके लिए आवश्यक सावधानी बरती गई है। इस दौरान पूर्व मुख्यमंत्री ने मोदी सरकार की तरफ से चलाई जा रही किसानों की कल्याणकारी योजनाओं की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार ने चीनी का न्यूनतम खरीद मूल्य तय किया। इससे लाखों गन्ना किसानों को फायदा हुआ है। इथेनॉल के उपयोग को प्रोत्साहित करने से चीनी मिलों को निकट भविष्य में गन्ने के बेहतर दाम मिलेंगे। उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने भारी बारिश से प्रभावित किसानों की मदद के लिए कुछ नहीं किया। 


बहकावे में नहीं आएंगे किसान 


पूर्व मंत्री हर्षवर्धन पाटिल ने कहा कि मोदी सरकार ने पिछले 6 साल में सामान्य किसानों को फायदा पहुंचाने वाले निर्णय लिए हैं। यह पहली बार हुआ है, जब चीनी निर्यात का अनुदान गन्ना उत्पादक किसानों के खाते में जमा कराया है। नए कृषि कानून से सामान्य किसानों का फायदा होगा। कुछ मुठ्ठीभर लोग कानून का विरोध कर रहे हैं, लेकिन किसान इस प्रचार के बहकावे में नहीं आएंगे। इस कार्यक्रम में विधायक सिद्धार्थ शिरोले, राहुल कुल, पुणे शहराध्यक्ष जगदीश मुलीक, भाजपा ओबीसी मोर्चा के प्रदेशाध्यक्ष योगेश तिलेकर, बाबुराव पाचर्णे, दिलीप कांबले आदि उपस्थित थे।




 ऑस्ट्रेलिया के अनुभवी स्पिनर नाथन लियोन ने कहा है कि वह और रविचंद्रन अश्विन अलग तरह के गेंदबाज हैं और उनके बीच तुलना नहीं की जानी चाहिये। लियोन ने शनिवार से शुरू हो रहे दूसरे टेस्ट से पहले वर्चुअल प्रेस कांफ्रेंस में कहा, ‘अश्विन विश्व स्तरीय गेंदबाज है। मैने उसे गेंदबाजी करते काफी देखा है, खासकर भारत दौरे पर। मैने उससे सीखने की कोशिश की है। उसके पास काफी विविधता है।’ उन्होंने कहा, ‘वह अपनी रफ्तार में तेजी से बदलाव कर सकता है और काफी प्रतिभाशाली है।  हम एक जैसे भी हैं और अलग-अलग भी, लिहाजा हमारी तुलना संभव नहीं है। उसका रिकार्ड ही बताता है कि वह कैसा गेंदबाज है।’ यह पूछने पर कि क्या वह किसी खास बल्लेबाज को 400वां शिकार बनाना चाहते हैं, लियोन ने कहा कि उन्हें इससे फर्क नहीं पड़ता। उन्होंने कहा, ‘मैं इसे लेकर चिंतित नहीं हूं। मयंक अग्रवाल हो या जसप्रीत बुमराह। मुझे फर्क नहीं पड़ता। 400 विकेट लेना महत्वपूर्ण है।’ उन्होंने यह भी कहा कि ऑस्ट्रेलिया का गेंदबाजी आक्रमण इस समय दुनिया में सर्वश्रेष्ठ है और इसका हिस्सा होना फक्र की


 मेलबर्न

मेजबान ऑस्ट्रलिया के हाथों पहले टेस्ट मैच में मिली शर्मनाक हार को भुलाकर टीम इंडिया 26 दिसंबर को दूसरा टेस्ट मैच खेलने मैदान पर उतरेगी और इसके लिए टीम ने अभ्यास भी शुरू कर दिया है। दूसरे टेस्ट मैच में अजिंक्य रहाणे टीम की कमान संभालेंगे, क्योंकि टीम इंडिया के नियमित कप्तान विराट कोहली पितृत्व अवकाश पर भारत लौट गए हैं।


बॉक्सिंग डे टेस्ट मैच में टीम इंडिया में कुछ बड़े बदलाव भी नजर आएंगे और इसकी झलक बुधवार को हुए अभ्यास सेशन में भी नजर आई। शुभमन गिल और रवींद्र जडेजा ने नेट्स में काफी समय बिताया और माना जा रहा है दोनों को दूसरे टेस्ट के लिए टीम में जगह मिल सकती है। दरअसल, गुलाबी गेंद से खेले गए अभ्यास मैच में 43 और 65 रन बनाने के बावजूद गिल की जगह पृथ्वी शॉ को मौका मिला और शॉ इस मौके को भुना नहीं पाए। जिसके बाद गिल के मैदान पर उतरने की संभावना नजर आने लगी। उन्होंने मयंक अग्रवाल के साथ अभ्यास भी किया। केएल राहुल ने भी नेट्स पर लंबा समय बिताया।


 नई दिल्ली

भारत के तेज गेंदबाज ईशांत शर्मा का कहना है कि कार्यवाहक कप्तान अजिंक्य रहाणे गेंदबाजों के कप्तान हैं और अपने शांत स्वभाव और खिलाड़ियों से स्पष्ट संवाद के कारण ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ बाकी तीन मैचों में अच्छी कप्तानी करेंगे। नियमित कप्तान विराट कोहली के पितृत्व अवकाश पर स्वदेश लौटने के कारण रहाणे बाकी तीन टेस्ट में भारत की कप्तानी करेंगे। बाजू में चोट के कारण ऑस्ट्रेलिया दौरे से बाहर ईशांत ने ‘ईएसपीएन क्रिकइन्फो’ से कहा, ‘वह काफी चुप रहता है और आत्मविश्वास से ओतप्रोत है। मैं जरूर कहूंगा कि वह गेंदबाजों का कप्तान है।’ उन्होंने कहा, ‘जब भी हमने साथ खेला है और विराट मैदान पर नहीं है तो वह मुझसे पूछता है कि कैसी फील्ड चाहिये। कब गेंदबाजी करना चाहते हो वगैरह।’ उन्होंने कहा, ‘वह कभी आदेश नहीं देता। उसे अच्छी तरह से पता है कि उसे टीम से क्या चाहिये।’ 


 नई दिल्ली

भारतीय क्रिकेट टीम और ऑस्ट्रेलिया के बीच तीन टेस्ट मैचों की सीरीज खेली जा रही है। जिसमें एडिलेड पर पहले टेस्ट में मिली करारी हार के बाद भारतीय कप्तान विराट कोहली भारत वापस लौट आए हैं। हालांकि विराट कोहली जल्द ही पिता बनने वाले हैं, इसलिए वह पैटर्नल लीव पर भारत वापस लौटे हैं। वहीं ऑस्ट्रेलिया से निकलने से पहले उन्होंने अपने टीम मेट्स के साथ आगे के टेस्ट मैचों को लेकर एक मीटिंग की है। जिस दौरान उन्होंने टीम के शीर्ष तीन खिलाड़ियों पर टीम की जिम्मेदारी सौंपी है। कोहली जनवरी में अपने पहले बच्चे के जन्म के लिए भारत वापस आ रहे हैं। इसके लिए उन्होंने पहले ही बीसीसीआई से पैटर्नल लीव के लिए संपर्क किया था। 



 मेलबर्न

ऑस्ट्रेलियाई गेंदबाज पहले टेस्ट में चेतेश्वर पुजारा के बल्ले पर अंकुश लगाने में कामयाब रहे हों, लेकिन स्पिनर नाथन लियोन ने दूसरे टेस्ट से पहले भारतीय बल्लेबाज की सराहना की है। उनका कहना है कि इस ‘विश्व स्तरीय’ बल्लेबाज को बाकी मैचों में रोक पाना कड़ी चुनौती होगा। लियोन ने कहा कि पुजारा के लिये उनकी टीम ने विशेष रणनीति बनाई है। दूसरा टेस्ट शनिवार से मेलबर्न में शुरू होगा। लियोनने वर्चुअल प्रेस कांफ्रेंस में कहा ‘मैं राज का खुलासा नहीं कर सकता लेकिन पुजारा विश्व स्तरीय बल्लेबाज है और बाकी मैचों में उसके बल्ले पर अंकुश लगाना काफी चुनौतीपूर्ण होगा।’ उन्होंने कहा ‘हमने श्रृंखला शुरू होने से पहले ही उसके बारे में काफी बात की। एडीलेड में रणनीति कारगर साबित होते देखना अच्छा लगा लेकिन आगे कुछ नया करना होगा।’ लियोन ने आगे कहा कि ‘उसके मैदान पर उतरने के बाद हम उन योजनाओं पर अमल करेंगे। दुनिया के सर्वश्रेष्ठ खिलाड़ियों को सामने खुद को आजमाना हमेशा रोचक होता है और पुजारा उन्हीं खिलाड़ियों में से एक है।’ लियोन ने एडिलेड टेस्ट में पुजारा को 43 के स्कोर पर आउट किया। ऑस्ट्रेलिया ने वह मैच आठ विकेट से जीता था। इस अनुभवी स्पिनर ने यह भी कहा कि कप्तान विराट कोहली के स्वदेश लौटने के बावजूद भारतीय टीम में उनकी जगह लेने के लिये काफी प्रतिभाशाली खिलाड़ी हैं।


 लियोन ने कहा, ‘अजिंक्य रहाणे और पुजारा हैं जो विराट की कमी को पूरा कर सकते हैं। वहीं इनके अलावा केएल राहुल, मयंक अग्रवाल भी शानदार खिलाड़ी हैं जो विराट की ले सकते हैं।’ उन्होंने कहा ‘हमारे लिये यह फिर काफी चुनौतीपूर्ण होगा और हमें तैयारी पुख्ता रखनी होगी। भारतीय टीम के पास विश्व स्तरीय खिलाड़ी हैं जो दूसरे टेस्ट में मजबूती से वापसी करेंगे। हम यह सोचकर नहीं उतर सकते कि उन्हें फिर 50 रन पर आउट कर देंगे।’



बॉलीवुड अभिनेता विक्की कौशल ने अपने ऑफिशियल इंस्टाग्राम पर मंगलवार को एक फोटो शेयर की है। जो फैंस के साथ-साथ सेलेब्स को भी काफी पसंद आ रही है साथ ही कई सेलेब्स राजकुमार राव, अंगद बेदी, चैतन्य शर्मा, साकिब सलीम ने अपना रिएक्शन दिए हैं। फोटो जिम में वर्कआउट के वक्त का है, जिमसे वो बेंच पर बैठे नजर आ रहे हैं। फोटो को शेयर करते हुए कैप्शन में लिखा है, ‘मैं जानता हूं, ‘हम अच्छा कर सकते हैं। हम बेहतक हो सकते हैं, मैं जानता हूं कि हम जबान पर कोई बुरी बात लाए बिना भी अच्छा कर सकते हैं’। विक्की कौशल के फोटो पर राजकुमार राव ने कमेंट कर हुए लिखा, रॉक सॉलिड ब्रदर। साथ ही अंगद बेदी ने लिखा डौला पावे रौला, वहीं साकिब सलीम ने लिखा, भाई, भाई, भाई, और विक्की कौशल के भाई सनी ने फोटो पर कमेंट करते हुए लिखा है, हे डोला रे डोला रे डोला। 


 उरी: द सर्जिकल स्ट्राइक जैसी फिल्मों का प्रोड्यूस करने वाले रोनी स्क्रूवाला, अब निर्माता अमर बुटाला और गरिमा मेहता के साथ फिल्म 'मिशन मजनू' को प्रोड्यूस करने के लिए सहयोग करेंगे। यह फिल्म भारत के सबसे महत्वाकांक्षी गुप्त अभियान पर आधारित है। फिल्म 1970 के दशक में हुई वास्तविक घटनाओं से प्रेरित है और यह पाकिस्तान के दिल में भारत के सबसे साहसी मिशन की कहानी है जिसने हमेशा के लिए दोनों देशों के बीच संबंध बदल दिए। इस फिल्म में एक्टर सिद्धार्थ मल्होत्रा साउथ एक्ट्रेस रश्मिका मंदाना के साथ नजर आएंगे। शांतनु बागची द्वारा निर्देशित इस फिल्म का पोस्टर मेकर्स ने रिलीज किया है। पोस्टर में सिद्धार्थ मल्होत्रा एंगी यंगमैन वाले लुक में नजर आ रहे हैं। सिद्धार्थ मल्होत्रा लंबे बाल, बटन खुली हुई शर्ट और उसपर शॉर्ट जैकेट, बेलबॉटम पैंट और हाथ में रिवॉल्‍वर लिए नजर आ रहे हैं। परवेज शेख, असीम अरोरा और सुमित बठेजा द्वारा लिखित थ्रिलर में स्टार सिद्धार्थ मल्होत्रा एक रॉ एजेंट के रूप में हैं जो मिशन का नेतृत्व करते हैं। इस ‍फिल्म से रश्मिका मंदाना बॉलीवुड डेब्यू कर रही हैं।


 इन दिनों अनिल कपूर अपनी अपकमिंग प्रोजेक्ट AK vs AK को लेकर चर्चा में बने हुए हैं। इसके अलावा वे अपनी फिल्म जुग जुग जियो की शूटिंग भी कर रहे हैं। काम के बीच एक्टर ने अपने पिता के बर्थडे पर उन्हें याद किया है। अपने पापा के बर्थडे पर अनिल कपूर ने एक स्पेशल नोट लिखा है। वे लिखते हैं, मैं सोचता हूं कि मेरे पापा मेरे अंदर ही हैं। वो सीख जो उन्होंने दी, वो प्यार जो उन्होंने हम पर लुटाया पर सबसे अहम ये नैतिक मूल्य-निष्ठा, ईमानदारी, विनम्रता और सहानुभूति। उस जमाने में भी वे अपने बच्चों पर इतना भरोसा करते थे कि उन्हें अपना खुद का रास्ता ढूंढने को प्रोत्साहित करते थे। कभी जिंदगी या कैरियर के सही मार्ग को लेकर भाषण नहीं दि‍या। हम लड़खड़ाए, गिरे, खुद उठे और गंदगी साफ की, अपनी मंिज‍ल की खोज में कभी हार नहीं मानी।


एक्ट्रेस अंकिता लोखंडे ने हाल ही में अपना बर्थडे सेलिब्रेट किया था। उस बर्थडे पार्टी में अंकिता ने सुशांत के दोस्त संदीप सिंह को भी बुलाया था। अब सुशांत के फैंस को दो बात बुरी लगी। दूसरी बात फैंस को पसंद नहीं आई वो ये कि ‍अंकिता ने एक्टर की मौत के बाद यूं बर्थडे सेलिब्रेट किया। आखिर अंकिता लोखंडे ने अपनी चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने अपने ही अंदाज में सभी की बोलती बंद कर दी है। बिना किसी का नाम लिए अंकिता ने एक वीडियो शेयर किया है। वीडियो में अंकिता के अलग-अलग रूप देखने को मिल रहे हैं। उस वीडियो को शेयर करते हुए अंकिता ने लिखा, कुछ बातों का जवाब सिर्फ ख़ामोशी होती है, और यकीन मानो ये बहुत खुबसूरत जवाब होता है। अंकिता का ये पोस्ट सोशल मीडिया पर वायरल हो चुका है। उनका ये कहना ही साफ दिखाता है कि वे किसी भी तरह के ट्रोल को महत्व नहीं देती हैं। उन्हें कई मौकों पर सिर्फ खामोशी ही रास आती है। मालूम हो कि जिस बर्थडे पार्टी की वजह से अंकिता को ट्रोल होना पड़ा, उसको एक्ट्रेस के बॉयफ्रेंड विक्की जैन ने ही ऑर्गेनाइज किया था। उस पार्टी के कई वीडियो और फोटो सोशल मीडिया पर वायरल हुए।  


 बैगलोर

ऑनलाइन लर्निंग प्लेटफॉर्म ब्रेनली, ने अपने सीरीज़ डी फंडिंग राउंड के दौरान  80 मिलियन डॉलर का नया फंड हासिल किया है, जिससे अब तक फंडिंग से प्राप्त राशि बढ़कर 150 मिलियन डॉलर तक पहुंच गई। नए फंडिंग राउंड का नेतृत्व यू.एस.-बेस्ड लर्न कैपिटल ने किया और इसने रूना कैपिटल और मंटारे सहित प्लेटफॉर्म के मौजूदा निवेशकों के साथ-साथ प्रोसस वेंचर्स और जनरल कैटलिस्ट पार्टनर्स की भागीदारी भी हासिल की। दो उच्च-विकास बाजारों ब्राजील और इंडोनेशिया में अपने कारोबार के फुटप्रिंट बढ़ाने के साथ-साथ भारतीय छात्रों और उनके अभिभावकों के लिए नए प्रोडक्ट्स पेश करने के लिए इस फंडिंग का इस्तेमाल किया जाएगा। लर्नर्स की तेजी से बढ़ती ऑनलाइन कम्युनिटी में लोकल स्टडी ग्रुप्स के डिजिटल ट्रांजिशन को आगे बढ़ाने के लिए ब्रेनली को लॉन्च किया गया था। इसने दुनिया भर में लगातार बड़े पैमाने पर आकर्षण पैदा किया है और यह दुनिया के अग्रणी पीयर-टू-पीयर लर्निंग प्लेटफॉर्म के रूप में उभरा है। आज ब्रेनली हर महीने 350 मिलियन से अधिक यूनिक यूजर्स हैं, जिनमें से 55 मिलियन भारत से हैं। प्लेटफॉर्म में बड़े समुदाय भी हैं जो अमेरिका, रूस, इंडोनेशिया, ब्राजील और लैटिन अमेरिका में फैले हैं।


 
नई दिल्ली

रियल एस्टेट सेक्टर में निवेश के नए दौर को वेयरहाउसिंग, अफोर्डेबल हाउसिंग और डेटा सेंटर की ग्रोथ से बढ़ावा मिलने का अनुमान इंडियन रियल एस्टेट सेक्टर में प्राइवेट इक्विटी इनवेस्टमेंट अगले साल बाउंस बैक कर सकता है और यहां पिछले साल से 30 पर्सेंट ज्यादा यानी छह अरब डॉलर का निवेश आ सकता है। बिजनेस में आसानी बढ़ाने के लिए सरकारी नीतियों में किए जा रहे सुधार और अहम इमर्जिंग सेक्टर में ग्रोथ से बेहतर हो रहे इकनॉमिक सेंटीमेंट का इसमें बड़ा हाथ होगा। ग्लोबल प्रॉपर्टी कंसल्टेंसी फर्म सेविल्स इंडिया ने इन बातों का जिक्र अपनी हालिया रिपोर्ट ‘बियोंड द 20: प्राइवेट इक्विटी इन इंडियन रियल एस्टेट’ में किया है।


मिलेगा निवेश को बढ़ावा


कंसल्टेंसी फर्म सेविल्स का कहना है कि इंडियन रियल एस्टेट सेक्टर में इनवेस्टमेंट के नए दौर को बढ़ावा कमर्शियल ऑफिस सेगमेंट की स्थिति में हो रहे सुधार के साथ वेयरहाउसिंग, अफोर्डेबल हाउसिंग और डेटा सेंटर की ग्रोथ से मिलेगा। इस सेक्टर के इनवेस्टमेंट सेंटीमेंट को इकनॉमिक ग्रोथ में होने वाले सुधार, अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक रिश्तों में बेहतरी, सरकार की तरफ से मिलने वाले पॉलिसी सपोर्ट और टीकाकरण में होनेवाली प्रगति से सपोर्ट मिलेगा।


मैन्युफैक्चरिंग, लॉजिस्टिक्स, ई-कॉमर्स का सपोर्ट


सेविल्स के मुताबिक, रियल एस्टेट सेक्टर में PE इनवेस्टमेंट इकनॉमिक और इंफ्रास्ट्रक्चर ग्रोथ के अलावा मैन्युफैक्चरिंग, लॉजिस्टिक्स और ई-कॉमर्स जैसे सेक्टर की ग्रोथ पर निर्भर करता है जबकि जियोपॉलिटिकल सिचुएशन और गवर्नमेंट पॉलिसी इसकी राह में बाधाएं खड़ा करते नजर आते हैं। रिपोर्ट में कहा गया है कि इकनॉमिक एक्टिविटी घटने से इस साल इंडियन रियल एस्टेट सेक्टर में PE इनवेस्टमेंट 4.6 अरब डॉलर रह सकता है लेकिन इनवेस्टर 2021 में नए वैश्विक हालात के हिसाब से अपनी रणनीति बदल सकते हैं।


नई दिल्ली

हीरो मोटोकॉर्प ने घरेलू बाजार में पिछले महीने दोपहिया वाहनों का सबसे बड़ा निर्माता बनना जारी रखा, क्योंकि निर्माता ने 5,75,957 यूनिट्स 13.8 प्रतिशत की सालाना आधार की बढ़ोतरी के साथ बेची। उद्योग कुल बिक्री की बात करें तो, नवंबर 2019 में 14,10,939 यूनिट्स की तुलना में इसमें 16 लाख से ज्यादा यूनिट की बिक्री दर्ज की गई, यानी इसमें 13.4 प्रतिशत की वृद्धि देखी गई।    टॉप 10 के टेबल में, हीरो की स्प्लेंडर, एचएफ डीलक्स और पैशन अपनी जगह बनाने में कामयाब रही जबकि होंडा, बजाज और टीवीएस के दो वाहन और सुजुकी के सबसे ज्यादा बिकने वाले टू-व्हीलर एक्सेस 125 ने अपनी जगह बनाई। स्प्लेंडर की नवंबर 2020 में कुल 2,48,398 यूनिट्स बिकीं, जो पिछले साल इसी अवधि यानी नवंबर की 2,23,289 यूनिट्स की तुलना में सालाना आधार पर 11.25 प्रतिशत ज्यादा है। सुजुकी एक्सेस और बजाज प्लेटिना को छोड़कर, टॉप 10 की लिस्ट में शामिल सभी अन्य दोपहिया वाहनों ने पिछले महीने सकारात्मक वृद्धि दर्ज की। दूसरे स्थान पर होंडा एक्टिवा और रेगुलर बेसिस पर देश में सबसे ज्यादा बिकने वाले स्कूटर ने घरेलू बाजार में 2,25,224 यूनिट्स की बिक्री दर्ज की, सालाना आधार पर 6.44 प्रतिशत ज्यादा है।

 लेह

पूर्वी लद्दाख की वास्तविक नियंत्रण रेखा पर महीनों से चल रहे भारत-चीन में तनाव के बीच भारतीय सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे ने बुधवार को पैंगोंग सो लेक के दक्षिणी हिस्से वाले फॉरवर्ड इलाकों का दौरा किया। उन्होंने एलएसी पर वर्तमान स्थिति और सेना की तैयारियों का भी जायजा लिया। सेना प्रमुख जनरल नरवणे बुधवार सुबह फॉरवर्ड इलाके में पहुंचे। इसके बाद, उन्होंने उद्धमपुर स्थित नॉर्दन कमांड के XIV कॉर्प्स के सैनिकों से मुलाकात की। सेना ने ट्वीट करके जानकारी दी कि सेना प्रमुख जनरल एमएम नरवणे ने रेचिन ला समेत फॉरवर्ड इलाकों का दौरा किया और खुद से एलएसी के वास्तविक हालातों का जायजा लिया। सेना ने कहा कि जनरल ऑफिसर कमांडिंग (जीओसी), फायर एंड फ्यूरी कॉर्प्स और अन्य स्थानीय कमांडरों ने हमारी सेना की ऑपरेशनल तैयारियों के बारे में जानकारी दी। सेना प्रमुख ने रेचिन ला पर फॉरवर्ड इलाकों पर बनाए गए सैनिकों के रहने की जगह की स्थिति का भी निरीक्षण किया। 

 

लखनऊ

पूर्व प्रधानमंत्री स्व. चौधरी चरण सिंह के 118वें जन्मदिवस पर प्रगतिशील किसानों को सम्मानित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने विपक्ष पर निशाना साधा। कृषि विधेयकों को लेकर विपक्षी दलों के दुष्प्रचार से सावधान रहने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि अपने शासनकाल में किसानों के लिए कुछ नहीं कर पाने वालों को आज किसानों की खुशहाली बर्दाश्त नहीं हो पा रही है। सीएम योगी ने केंद्र व प्रदेश सरकार द्वारा किसान हित में किए कार्यों को गिनाते हुए किसानों के कल्याण हेतु कार्य करते रहने के संकल्प को दोहराया। राजधानी लखनऊ में किसान दिवस के मौके पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि सरकार किसानों के हित में प्रतिबद्धता के साथ काम कर रही है। सरकार किसानों की लागत को कम करने और उत्पादकता बढ़ाने पर जोर दे रही है। प्रदेश के किसानों को ट्रैक्टर प्रदान किए जा रहे हैं। 20 कृषि विज्ञान केंद्रों को स्थापित करने का संकल्प पूरा किया है। प्रदेश के चार कृषि विश्वविद्यालयों के माध्यम से कृषि विज्ञान केंद्रों को जोड़ा गया है। झांसी केंद्रीय कृषि विश्वविद्यालय शुरू हुआ है। बीएचयू के कृषि संकाय को किसानों से जोड़ा गया है। 89 कृषि विज्ञान केंद्र किसानों की आय दोगुनी करने के लिए काम कर रहे हैं। पूर्व प्रधानमंत्री स्व. चौधरी चरण सिंह के जन्मदिवस पर बुधवार को राजधानी विभिन्न कार्यक्रम आयोजित किए गए। मुख्य कार्यक्रम विधानभवन में चौधरी चरण सिंह की प्रतिमा के निकट व लोकभवन में मनाया गया।


 इस्लामाबाद

चीन ने पाकिस्तान की कमजोर आर्थिक स्थिति के मद्देनजर मेन लाइन-एक रेलवे लाइन परियोजना के लिए छह अरब डॉलर कर्ज को मंजूरी देने के पहले उससे अतिरिक्त गारंटी मांगी है। मीडिया की एक खबर में कहा गया है कि चीन ने रेल परियोजना को वित्तीय राशि मुहैया कराने के लिए वाणिज्यिक और रियायती, दोनों तरह का कर्ज देने का प्रस्ताव रखा है। ‘एक्सप्रेस ट्रिब्यून’ के मुताबिक, 10 दिन पहले (13 दिसंबर) मेन लाइन-एक रेलवे परियोजना के लिए संयुक्त वित्तीय कमेटी की बैठक में अतिरिक्त गारंटी का मुद्दा उठा। बैठक में शामिल रहे पाकिस्तान के एक वरिष्ठ अधिकारी ने कहा कि चीन ने वार्ता के दौरान अतिरिक्त गारंटी के मुद्दे उठाए लेकिन पाकिस्तान के साथ साझा किए गए ब्योरे के मसौदा दस्तावेज में इसे शामिल नहीं किया गया। दोनों देशों ने कागजातों पर अब तक दस्तखत नहीं किए हैं। मेन लाइन-एक परियोजना के तहत पेशावर से कराची तक 1,872 किलोमीटर रेल मार्ग का दोहरीकरण, पटरियों की मरम्मत करने का काम शामिल है और चीन-पाकिस्तान आर्थिक कॉरेडोर (सीपीईसी) के दूसरे चरण के लिए यह काफी महत्वपूर्ण है। अधिकारी ने बताया कि पाकिस्तान ने जी-20 देशों से कर्ज राहत के लिए आवेदन किया है। इस कारण से देश की आर्थिक स्थिति को लेकर स्पष्टता के लिए चीन ने अतिरिक्त गारंटी के मुद्दे उठाए। वित्त मंत्रालय के सूत्रों ने बताया कि वित्तीय मुद्दों पर बातचीत के तीसरे चरण में परियोजना के लिए छह अरब डॉलर के कर्ज को लेकर और स्थिति स्पष्ट की गई। 

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